
महिषासुर नामक असुर को यह वरदान मिला था कि कोई भी पुरुष या देवता उसे पराजित नहीं कर सकता। इस अहंकार में वह अत्याचार करने लगा और तीनों लोकों में भय फैल गया। तब देवताओं ने अपनी शक्तियों को मिलाकर देवी दुर्गा की रचना की।
देवी दुर्गा और महिषासुर के बीच नौ दिनों तक भयंकर युद्ध हुआ। अंततः दसवें दिन देवी ने महिषासुर का वध कर दिया और संसार को उसके आतंक से मुक्त कराया। यही दिन विजयादशमी के रूप में मनाया जाता है।
यह प्रेरणादायक कहानी बच्चों को साहस, आत्मविश्वास, और कठिन परिस्थितियों में भी डटे रहने की शक्ति पर विश्वास करना सिखाती है।