

संध्या के बाद कक्षा 11 की NCERT हिंदी पाठ्यपुस्तक अंतरा भाग-1 में संकलित सुमित्रानंदन पंत की प्रसिद्ध कविता है। इस कविता में कवि ने संध्या समय के ग्रामीण वातावरण, प्रकृति की सुंदरता, गाँव के जनजीवन तथा समाज की आर्थिक विषमताओं का अत्यंत प्रभावशाली चित्रण किया है। कविता प्रकृति के सौंदर्य के साथ-साथ सामान्य लोगों के संघर्ष, गरीबी और सामाजिक असमानता की ओर भी ध्यान आकर्षित करती है।
यह पाठ कविता अध्ययन, काव्य विश्लेषण, वर्कशीट, फ्लैशकार्ड, क्विज़ और साहित्यिक गतिविधियों के माध्यम से समझा जा सकता है। विद्यार्थी संध्या के प्राकृतिक दृश्यों, गाँव के जीवन, किसानों, व्यापारियों और श्रमिकों की परिस्थितियों का अध्ययन करते हैं। कविता में प्रकृति चित्रण, मानवीय संवेदना और सामाजिक चिंतन का सुंदर समन्वय देखने को मिलता है। इसका प्रारूप भावप्रधान एवं विश्लेषणात्मक कविता का है तथा कठिनाई स्तर मध्यम से उन्नत है।
इस पाठ के अध्ययन से विद्यार्थियों में Reading Skill, Observation Skill, Critical Thinking, Analytical Thinking, Environmental Literacy, Creative Thinking तथा Cultural Awareness का विकास होता है। वे प्रकृति और समाज के संबंध, ग्रामीण जीवन की वास्तविकताओं तथा सामाजिक समानता के महत्व को समझते हैं। यह सामग्री संध्या के बाद सारांश, सुमित्रानंदन पंत की कविता, प्रकृति चित्रण, ग्रामीण जीवन, सामाजिक चेतना, और छायावादी हिंदी कविता जैसे लोकप्रिय अध्ययन विषयों को समझने के लिए अत्यंत उपयोगी है।